गो पालन योजना का दायरा बढ़ा, अब सामान्य वर्ग के पशुपालक भी होंगे लाभान्वित – Jan Jan Tak
  • Sat. Oct 3rd, 2026

Jan Jan Tak

Jan Jan Tak

गो पालन योजना का दायरा बढ़ा, अब सामान्य वर्ग के पशुपालक भी होंगे लाभान्वित

ByJan Jan Tak

Oct 3, 2026
गो पालन योजना का दायरा बढ़ा, अब सामान्य वर्ग के पशुपालक भी होंगे लाभान्वित

पहले अनुसूचित जाति/जनजाति के पशुपालकों तक सीमित थी योजना, संशोधन के बाद सामान्य वर्ग भी शामिल

पौड़ी- उत्तराखंड सरकार ने पशुपालकों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से संचालित गो पालन योजना के दायरे का विस्तार किया है। संशोधित व्यवस्था के तहत अब अनुसूचित जाति/जनजाति के साथ ही सामान्य वर्ग के पशुपालक भी योजना का लाभ ले सकेंगे।

मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. विशाल शर्मा ने बताया कि पूर्व में योजना का लाभ अनुसूचित जाति/जनजाति के पशुपालकों तक सीमित था। अब इसमें सामान्य वर्ग के पशुपालकों को भी शामिल किया गया है। योजना के तहत गो/भैंस की एक यूनिट के लिए अधिकतम 60 हजार रुपये तक की सहायता का प्रावधान है। अनुसूचित जाति/जनजाति के लाभार्थियों को यूनिट लागत का 90 प्रतिशत, अधिकतम 54 हजार रुपये अनुदान के रूप में तथा 10 प्रतिशत यानी 6 हजार रुपये लाभार्थी अंश के रूप में वहन करना होगा। वहीं सामान्य वर्ग के पशुपालकों को 75 प्रतिशत, अधिकतम 45 हजार रुपये अनुदान तथा 25 प्रतिशत यानी 15 हजार रुपये लाभार्थी अंश देना होगा।

उन्होंने बताया कि योजना का उद्देश्य पशुपालकों को पशुपालन को स्वरोजगार के रूप में अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने के साथ ही उनकी आय में वृद्धि करना और दुग्ध उत्पादन को बढ़ावा देना है। योजना का लाभ निर्धारित पात्रता एवं शर्तों के अनुसार दिया जाएगा।

मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी ने बताया कि योजना के लाभार्थियों को पशुपालन विभाग एवं डेयरी विभाग की अन्य केंद्र पोषित तथा राज्य पोषित योजनाओं में डुप्लीकेशन से संबंधित प्रावधानों का अनुपालन करना होगा। योजना के तहत अनुदान का भुगतान आधार आधारित डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा।

उन्होंने जनपद के पात्र एवं इच्छुक पशुपालकों से योजना का लाभ उठाने का आह्वान करते हुए कहा कि योजना की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया एवं अन्य जानकारी के लिए अपने निकटतम पशु चिकित्सालय अथवा पशुपालन विभाग के कार्यालय से संपर्क किया जा सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *